आत्मा - डरावनी कहानियाँ #PASSG

 भूत-प्रेत की कहानियाँ



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भूत-प्रेत की कहानियाँ


 यह घटना सन 1958 में घटित हुई थी उस समय चिकित्सा सुविधा बहुत ही कमजोर हुई थी | यूपी के मुज्जफरनगर के रसूलपुर गांव में एक चौधरी गिरधरसिंह नाम का एक आदमी रहा करता था  


 उनका एक तीन साल का बच्चा था | उसे चेचक हो गया और काफी इलाज करने के बाद भी वो जिंदा नहीं बच सका | रात में उसकी मौत होने से सुबह ही उसका अंतिम संस्कार करने का फैसला किया | उसी रात को मुज्जफरनगर के एक दुसरे गांव में शोभाराम नाम के एक आदमी की बैलगाड़ी के बोलने के नीचे आ जाने से मौत हो गई | उसे अस्पताल ले जाने के रास्ते में ही उसकी मौत हो गई  


 मृतक के घरवालो ने उसका दाह संस्कार कर दिया | दुसरी तरफ जब रसूलपुर में उस मृत बच्चे को दफन करने के लिए जंगल जाने लगे | अचानक रास्ते में उसके शरीर में हलचल हुई और वो उठकर खड़ा हो गया | लोग ये देखकर दंग रह गए | लेकिन बाद में उसको जिन्दा देखकर सभी खुश हो गए | लेकिन लोगो को ये पता नहीं था कि उस बच्चे के शरीर को किसी और की आत्मा ने जकड़ रखा था | उस तीन साल के बच्चे में 23 साल के शोभाराम की आत्मा घुस चुकी थी | वो अलग जगह पर आकर बहुत परेशान हो रहा था और खाना खाने से मना कर रहा था लेकिन बड़ी मुश्किल से समझाकर उसको खाने के लिए राजी किया | एक दिन वो बच्चा अपनी माँ के साथ उसके ननिहाल जा रहा था कि अचानक रास्ते में वो जगह आयी जहा शोभाराम की मौत हुई थी |  


 उस बच्चे ने इशारा करके बताया कि ये रास्ता उसके गाँव की और जाता है उसकी माँ उसकी बातों को अनसुना कर उसके ननिहाल चली गयी | उसके ननिहाल में आत्माराम के गाँव का एक आदमी जगन्नाथ किसी काम से आया | आत्माराम की आत्मा ने उसको पहचान कर उसे आवाज़ लगाई | जगन्नाथ को बच्चे के मुह से अपना नाम सुनकर अचम्भा हुआ | जगन्नाथ के पूछने पर उस बच्चे ने उसका पूरा इतिहास बता दिया और बोला कि मेरी मौत से पहले ही तुम लोगो ने मुझे जला दिया और इस बच्चे के खाली शरीर को देखकर इसमें रहने लग गया जब जगन्नाथ ने ये बात अपने गाँव में बताई तो उसके पुरे परिवार के आत्माराम से मिलने चल दिए | उस बच्चे ने सबको पहचान लिया और वो उनके साथ उसके गाँव चल दिया |  


 और वह वापस रसलपुर आने से मना कर दिया लेकिन लोगो के समझाने पर मान गया | इस तरह वो पूरा को साथ लेकर चलता रहता है | इस कहानी से हमें ये पता चलता है कि अगर कम उम्र में किसी की मौत हो जाती है तो वो अपनी अधूरी इच्छा को पूरा करने के लिए किसी के शरीर को जरिया बना सकता है। दोस्तों मैं आपको बताना चाहता हूं कि ये तो केवल कहानी है लेकिन लापरवाही में ऐसे कुछ मामले होते हैं जिनको कोई पहचान नहीं पाता है | इस कहानी में आपको थोड़ी सी भी सच्चाई लगे तो कमेंट के जरिए अपना विचार लिखना ना भूले

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